Saturday, June 11, 2022

नई शिक्षा नीति के अनुसार पहली बार होगी स्नातक की परीक्षाएं

 Saturday 11th June 2022 at 18:44 IST

बीएससी तथा बीए का टाइम टेबल भी शीघ्र ही घोषित किया जाएगा


बड़वानी
: 11 जून 2022: (मध्यप्रदेश स्क्रीन//एजुकेशन स्क्रीन ब्यूरो)::

विवादों के बावजूद नई शिक्षा नीति लागू होनी शुरू हो गई है। इसके अंतर्गत मध्यप्रदेश में पहली बार हो रही हैं पहली बार होगी स्नातक प्रथम वर्ष की परीक्षाएं। इसका प्रभाव  कैसा रहेगा इसका पता तो बाद में ही चलेगा लेकिन फ़िलहाल पूरे जोरशोर से परीक्षाओं की तैयारी है। 

देवी अहिल्या विश्वविद्यालय की स्नातक प्रथम वर्ष की परीक्षाएं पहली बार नई शिक्षा नीति 2020 के अनुसार इस सत्र में संपन्न करवाई जाएंगी। महाविद्यालय में परीक्षाएं प्राचार्य एन एल गुप्ता के मार्गदर्शन में संपन्न होंगीं। परीक्षा प्रभारी डा श्याम नाईक तथा डा डेविड स्वामी ने बताया कि यह परीक्षा पद्धति, पुरानी शिक्षा नीति की परीक्षा पद्धति से भिन्न है। 

गौरतलब है कि नई शिक्षा नीति के अनुसार विद्यार्थियों के मेजर, माइनर, जेनेरिक इलेक्टिव (सामान्य इलेक्टिव), वोकेशनल विषयों के प्रश्न पत्र लिए जाएंगे। नई शिक्षा नीति पर आधारित इस सत्र की परीक्षा का बीकॉम प्रथम वर्ष का टाइम टेबल विश्वविद्यालय द्वारा घोषित हो चुका है, जबकि बीएससी तथा बीए का टाइम टेबल शीघ्र ही घोषित किया जाएगा।

बीकाम स्नातक प्रथम वर्ष की परीक्षाएं 21 जून से प्रारंभ होगी। स्नातक प्रथम वर्ष की इन परीक्षाओ में महत्वपूर्ण है कि यदि कोई विद्यार्थी अपने पाठ्यक्रम के अलावा दूसरे पाठ्यक्रम से मेजर, माइनर, जेनेरिक इलेक्टिव (सामान्य इलेक्टिव) प्रश्न पत्र का चुनाव करता है तो उसे संबंधित पाठ्यक्रम के अनुसार ही परीक्षा में शामिल होना पड़ेगा। इसके लिए पृथक से परीक्षा का आयोजन नहीं किया जाएगा। 

घोषित टाइम टेबल में यदि किसी विद्यार्थी को किसी प्रकार की समस्या है तो वह महाविद्यालय में संपर्क कर सकता है। विश्वविद्यालय, महाविद्यालय की हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करने का समय 11 से 5 बजे तक रहेगा। इसके साथ ही विश्वविद्यालयीन स्नातकोत्तर एमकॉम, एमए, एमएससी, एमएसडब्ल्यू की परीक्षाएं पुरानी शिक्षा नीति के अनुसार प्रारंभ हो रही है, एमकॉम की परीक्षाए 15 जून से प्रारंभ होगी जबकि एमए की परीक्षाएं 20 जून से प्रारंभ होगी। मीडिया प्रभारी डॉ बलराम बघेल ने बताया कि परीक्षाओं से संबंधित विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की समस्या होने पर कला संकाय के डॉ रणजीत सिंह मेवाडे, वाणिज्य संकाय में डॉ आशीराम सस्त्या एवं विज्ञान संकाय में डाॅ श्याम नायक से महाविद्यालय समय में आकर संपर्क किया जा सकता है।

Saturday, May 7, 2022

डा.फकीर चंद शुक्ला ने प्रताप कालेज में बताए कारगर नुक्ते

7th May 2022 at 12:46 PM

"डायटरी मैनेजमेंट फार लाइफस्टाइल डिसीज़िज" पर लैक्चर


लुधियाना: 7 मई 2022: (एजुकेशन स्क्रीन ब्यूरो):: 

प्रताप कालेज आफ ऐजुकेशन, लुधियाना में एम.एड.,बी.एड. तथा डी.एल.एड.कक्षाओं के भावी शिक्षकों तथा शिक्षकों को शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य के लिए डाइट के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित करने हेतु "डायटरी मैनेजमेंट फार लाइफस्टाइल डिसीज़िज "विषय पर पंजाब एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी, लुधियाना के फूड एंड टैक्नोलॉजी विभाग से सेवानिवृत्त प्रोफेसर डा.फकीर चंद शुक्ला जी द्वारा एक्सटेंशन लैक्चर दिया गया।

कालेज प्रिंसिपल डा.मनप्रीत कौर तथा एसोसिएट प्रोफेसर डा.बबीता अरोड़ा ने पौधा देते हुए डा. फकीर चंद शुक्ला का प्रताप परिवार की ओर से स्वागत किया। तत्पश्चात कार्यक्रम संयोजिका श्रीमती पूनम बाला ने डा.फकीर चंद शुक्ला जी का औपचारिक परिचय देते हुए उन्हें व्याख्यान हेतु मंच पर आमंत्रित किया।

डा. फकीर चंद शुक्ला ने बताया कि वर्तमान समय में खानपान संम्बन्धित गलतियों के कारण लोगों की सेहत बिगड़ रही है।अतः घरेलू खाद्य पदार्थों के सेवन से हम अधिकतर बीमारियों से अपना बचाव कर सकतें हैं।सही मात्रा व सही तरीकों से पानी के सेवन द्वारा भी अनेक बीमारियों से बचा जा सकता है।उन्होंने कोलेस्ट्रॉल सही रखने, हार्टअटैक से बचने,डाइटिंग करने के सही तरीके आदि पर सही खानपान की ज्ञानवर्धक जानकारी प्रदान की।

कालेज प्रिंसिपल डा.मनप्रीत कौर ने डा.फकीर चंद शुक्ला जी को प्रताप कालेज आफ ऐजुकेशन में आकर ज्ञानोपयोगी जानकारी सांझा करने के लिए अवार्ड आफ आनर देकर विशेष आभार व्यक्त किया।अंत में सहायक शिक्षिका पूनम बाला ने डा.फकीर चंद शुक्ला जी का अत्यंत  ज्ञानवर्धक जानकारी प्रदान करने के लिए कालेज की ओर से  औपचारिक धन्यवाद किया। 

Monday, May 2, 2022

GGN खालसा कॉलेज में हुआ कन्वोकेशन का आयोजन

 2nd May 2022 at 4:53 PM

डिग्री वितरण समारोह में मुख्य मेहमान थे कुंवर विजय प्रताप सिंह


लुधियाना
: 01 मई 2022: (एजुकेशन स्क्रीन ब्यूरो):: 

लुधियाना के गुजरांवाला गुरु नानक खालसा कॉलेज में आज डिग्री वितरण समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में छात्रों के बीच करीब 300 डिग्रियां बांटी गईं। इस विशेष अवसर पर मुख्य अतिथि डॉ. कुंवर विजय प्रताप सिंह, विधायक, अमृतसर (उत्तर) और पूर्व आईपीएस शामिल रहे। गुजरांवाला खालसा शिक्षा परिषद के अध्यक्ष डॉ. स.प. सिंह, पूर्व कुलपति, गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, अमृतसर। इस अवसर पर स.गजिंदर सिंह, पं. हरदीप सिंह, एस. हरशरण सिंह नरूला और कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अरविंदर सिंह भल्ला और विभिन्न विभागों के शिक्षक और छात्रों ने समारोह में भाग लिया।
डॉ एस. पी. सिंह ने औपचारिक रूप से गुलदस्ता भेंट कर मुख्य अतिथि का स्वागत किया और कॉलेज के 100 साल के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह एक शैक्षणिक संस्थान है जहां प्रतिभाओं को आकार दिया जाता है। इस कॉलेज से शिक्षा प्राप्त कर छात्रों ने विभिन्न शैक्षणिक, प्रशासनिक, न्यायिक, राजनीतिक, सामाजिक कल्याण, साहित्यिक गतिविधियों और खेल जगत में अपना नाम बनाया है। उन्होंने छात्रों को बधाई दी और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की। इस उपाधि वितरण समारोह में डॉ. कुंवर विजय प्रताप सिंह ने अपने उद्घाटन भाषण में गुजरांवाला खालसा एजुकेशनल काउंसिल के पदाधिकारियों, प्राचार्यों, शिक्षकों और छात्रों को इस कॉलेज के 100 साल के गौरवशाली इतिहास और अनूठी उपलब्धियों पर बधाई दी. उन्होंने वर्तमान शिक्षा प्रणाली की जानकारी देते हुए कहा कि आज पूरा विश्व विज्ञान और प्रौद्योगिकी से जुड़ा हुआ है। जिसके तहत शिक्षा प्रणाली में भी कई तरह के बदलाव हो रहे हैं जो छात्रों के समग्र विकास के लिए फायदेमंद साबित होंगे। वर्तमान में भारतीय शिक्षा प्रणाली आधुनिकीकरण के दौर से गुजर रही है। 
भारत सरकार यूजीसी और एआईसीटीई शैक्षिक संस्थानों जैसे शिक्षा को व्यावसायिक उन्मुख बनाने के लिए कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम स्थापित किए हैं। आजकल सिर्फ डिग्री हासिल करना ही नहीं बल्कि नौकरी पाने के लिए हुनर का होना भी जरूरी है।
समारोह के अंत में कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अरविंदर सिंह ने गुजरांवाला खालसा एजुकेशनल काउंसिल के अध्यक्ष डॉ. स.प. सिंह , डॉ. कुंवर विजय प्रताप सिंह , प्रबंध अधिकारियों, शिक्षकों और छात्रों को बधाई दी और कहा कि प्रतिस्पर्धा के इस युग में ज्ञान संसाधनों का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने छात्रों को संदेश देते हुए कहा कि विज्ञान और सूचना प्रौद्योगिकी के इस युग में आप भी समाज में अपनी राह खुद बनाएं, पक्के रास्ते पर चलने के बजाय कुछ नया बनाएं ताकि दुनिया को आप पर गर्व हो। प्रो. मंजीत सिंह छाबड़ा निदेशक, जीजीएनआईएमटी/जीजीएनआईवीएस, प्राचार्य डॉ. परविंदर सिंह,  विशेष रूप से उपस्थित रहें। मंच का संचालन प्रो. जतिंदर कौर व डॉ. गुरप्रीत सिंह ने किया।

Monday, April 4, 2022

प्रकृति के नज़दीक जा कर जाना प्रकृति के रहस्यों को

4th April 2022 at 11:13 AM
 प्रताप कालेज: एक दिवसीय कसौली यात्रा का आयोजन 

लुधियाना
: 4 अप्रैल 2022: (एजुकेशन स्क्रीन डेस्क)::  

शिक्षा के साथ साथ
जीवन और  प्रकृति से परिचय करवाने के प्रयास भी प्रताप कालेज के एजुकेशन स्टाईल का एक अभिन्नं अंग हैं। इसी के अंतर्गत प्रताप कालेज आफ ऐजुकेशन, लुधियाना द्वारा शैक्षणिक व सह शैक्षणिक गतिविधियाँ करवा कर भावी शिक्षकों की शैक्षणिक कुशलता का विकास किया जाता है। कोविड 19 के उपरांत इस महाविद्यालय में भी कक्षाओं में विद्यार्थियों का आना शुरू हो गया है।अध्ययन और अध्यापन की प्रक्रिया उबाऊ न बन जाये, इस हेतु सह शैक्षणिक गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। 
इसी क्रम में बी.एड.के पाठ्यक्रम पर आधारित एक दिवसीय भ्रमण के लिए  कालेज के सहायक शिक्षक प्रदीप सिंह, श्रीमती गगनदीप कौर तथा श्रीमती पूनम बाला के नेतृत्व में बी.एड. व डी.एल.एड. कक्षाओं के विद्यार्थियों का समूह कसौली घूमने गया। पहाड़ी क्षेत्र में भ्रमण करके सभी छात्रों ने खूब मस्ती की। छात्र छात्राओं ने कसौली की पहाड़ियों के नज़दीक रह कर इनकी ऊंचाई, आदोलता और मज़बूती से बहुत कुछ सीखा। जीवन में अगर मुसीबतों के पहाड़ भी आएं तो उन पर विजय पाना भी सीखा। 
इसी के साथ एक साथ रहना और मिलजुल कर जीवन के हर रंग का आनंद लेना भी इसी यात्रा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। कालेज की इस सह शैक्षणिक गतिविधि को पाठ्यक्रम का एक अनिवार्य अंग  बताते हुए कालेज प्रिंसिपल डा. मनप्रीत कौर ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधि से भावी शिक्षकों में अनुशासन, समय की पाबंदी, आपसी सहयोग व प्रकृति के प्रति कृतज्ञता ,पर्यावरण की स्वच्छताआदि कई मूल्य विकसित किये जा सकते हैं। प्रकृति के साथ रहते हुए जब प्रकृति के रहस्यों को जानने का प्रयास किया जाता है तो प्रकृति अपने सभी खज़ाने भी ऐसे लोगों के लिए खोल देती है। जो शिक्षा इस तरह की यात्राओं से मिलती है वह केवल पुस्तकीय ज्ञान से नहीं मिलती। इस मकसद में भी यह टूर बहुत ही लाभप्रद रहा। 

Monday, March 28, 2022

अंतर्राष्ट्रीय महिला साहित्य उत्सव और सम्मान समारोह

आयोजन कराया कविता कथा कारवां व सीटी यूनिवर्सिटी द्वारा 

आयोजन की कुछ तस्वीरें  
लुधियाना
: 28 मार्च 2022: (एजुकेशन स्क्रीन ब्यूरो)::
सीटी विश्वविद्यालय (सीटीयू) के सहयोग से साहित्यिक संस्था कविता कथा कारवां (पंजीकृत) (के के के) ने सीटी विश्वविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय महिला साहित्य उत्सव-2022 का आयोजन किया। इस अवसर पर सीटीयू के चांसलर चरणजीत सिंह चन्नी मुख्य अतिथि थे। जगराओं की एडीसीपी रुपिंदर कौर विशिष्ट अतिथि के रूप में पधारीं।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया, तत्पश्चात प्रसिद्ध भजन गायिका सरोज वर्मा द्वारा सरस्वती वंदना प्रस्तुत की गई।
कविता कथा कारवां की अध्यक्षा डॉ जसप्रीत कौर फलक ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया और संगठन के बारे में परिचयात्मक जानकारी प्रदान की। उन्होंने साझा किया कि कविता कथा कारवां की अब कनाडा और भारत के अन्य राज्यों में भी शाखाएं हैं।
सीटीयू के कुलपति डॉ हर्ष सदावर्ती ने कहा कि आज महिलाओं ने जीवन के सभी क्षेत्रों में अपनी योग्यता साबित की है और सभी सम्मान और मान्यता की पात्र हैं।
 मुख्य अतिथि और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने "दिशाएं गा उठी हैं" पुस्तक का विमोचन किया।
विशिष्ट अतिथि माननीया रूपिंदर कौर ने विभिन्न क्षेत्रों में अपनी विशेष क्षमता का प्रदर्शन करने के लिए महिलाओं की सराहना की और उन्हें साहस के साथ निडर होकर कार्य करने और अपनी क्षमता के अनुसार गतिविधि के अपने चुने हुए क्षेत्र में योगदान करने के लिए प्रेरित किया।
मनिंदर गोगिया ने महिलाओं पर ध्यान केंद्रित करते हुए कार्यक्रम आयोजित करने के लिए आयोजकों को बधाई दी।
महिला विचार विमर्श सत्र में व्याख्यान और कविताओं के माध्यम से विषय के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई। डॉ वंदना गुप्ता (पश्चिम बंगाल), प्रोफेसर मंगला रानी (बिहार), डॉ अन्नपूर्णा सिसोदिया (मध्य प्रदेश), संयोगिता कुमारी (नई दिल्ली), डॉ रविंदर सिंह चंदी (लुधियाना), और डॉ जसप्रीत कौर फलक (लुधियाना) ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत कीं। 
 डॉ प्रवीण कुमार (सीटी यूनिवर्सिटी) ने खेल और खेल के क्षेत्र में महिलाओं द्वारा निभाई गई भूमिका पर प्रकाश डाला और आयोजन के लिए सीटीयू के चयन के लिए कविता कथा कारवां का आभार व्यक्त किया।
 डॉ वंदना गुप्ता (पश्चिम बंगाल) को सत्र 2022-23 के लिए कविता कथा कारवां के पश्चिम बंगाल चैप्टर के उपाध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया और उन्हें प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।
सम्मान सत्र में डॉ वंदना गुप्ता (पश्चिम बंगाल) को सुभद्रा कुमारी चौहान स्मृति सम्मान-2022, प्रो मंगला रानी (बिहार) को मन्नू भंडारी स्मृति सम्मान-2022, डॉ अन्नपूर्णा सिसोदिया (मध्य प्रदेश) को कृष्णा सोबती स्मृति सम्मान-2022 से सम्मानित किया गया। और संयोगिता कुमारी (नई दिल्ली) को साहित्य के प्रति उनके महत्वपूर्ण योगदान के सम्मान में महादेवी वर्मा स्मृति सम्मान-2022 से सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर जसकीरत सिंह (कनाडा), अंगद (लुधियाना) और अन्य ने अपने रचनात्मक चित्रों, फोटोग्राफी और पुस्तकों का प्रदर्शन करके कार्यक्रम को और शोभा प्रदान की।
 कार्यक्रम का समापन कविता कथा कारवां के सचिव डॉ रविंदर सिंह चंदी द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। डॉ राजेन्द्र सिंह साहिल द्वारा मंच की कार्यवाही का संचालन बहुत ही अच्छे ढंग से किया गया।


Wednesday, February 23, 2022

अगलासेम टैलेंट सर्च एग्ज़ाम में लुधियाना की छात्रा रही अव्वल

23rd February 2022 at 6:23 PM

 2021-2022 में पहला राष्ट्रीय रैंक हासिल किया 

लुधियाना: 23 फरवरी 2022: (कार्तिका सिंह//एजुकेशन स्क्रीन)::

छात्राएं तेज़ी से आगे बढ़ती जा रही हैं। हर दिन उनके विकास की रफ्तार तेज़ हो रही है। अब एक और अच्छी खबर आई है लुधियाना से जहां धनुषठा छाबड़ा ने कमल किया है। 

सेक्रेड हार्ट कॉन्वेंट स्कूल, सराभा नगर, लुधियाना की छात्रा धनुष्ठा छाबड़ा ने एग्लासेम एडुटेक प्राइवेट लिमिटेड के द्वारा आयोजित की गई अगलासेम टैलेंट सर्च एग्ज़ाम (एटीएसई) 2021-2022 में पहला राष्ट्रीय रैंक हासिल किया है। इसके लिए उन्हें प्रमाण पत्र, स्वर्ण पदक और 50,000 रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा। 
अगलासेम टैलेंट सर्च एग्ज़ाम (एटीएसई) कक्षा 5 से 12 तक के छात्रों के लिए एक राष्ट्रीय स्तर की प्रतिभा खोज-सह-छात्रवृत्ति परीक्षा है जिसमें छात्रों का उनके विज्ञान और गणित ज्ञान के आधार पर टैस्ट लिया जाता है। 

यह परीक्षा उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर अपने साथियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने और छात्रवृत्ति प्राप्त करने का अवसर देती है जो उन्हें अपने शिक्षा लक्ष्यों को आगे बढ़ाने में मदद करेगी। प्रत्येक कक्षा के शीर्ष 100 छात्रों को कुल 12.16 लाख रुपये की कुल 800 स्कॉलशिप प्रदान की गई।

Sunday, February 20, 2022

युवाओं ने बढ़चढ़ कर भाग लिया मतदान में

नई सरकार के गठन में भी होगी महत्वपूर्ण भूमिका

चंडीगढ़
//लुधियाना: (कार्तिका सिंह//एजुकेशन स्क्रीन डेस्क)::
इस बार कौन जीतेगा यह तो अब दस मार्च को ही पता चलेगा लेकिन इस बार मुकाबिला बहुकोणीय था। अनुमान लगाना आसान भी नहीं था। शायद इस बार एग्जिट पल वाले लोग भी इस चक्रव्यूह में चकरा जाएं। लेकिन एक बात पक्की है कि युवाओं में इस बार काफी उत्साह रहा। बहुत से लड़के लड़कियां ऐसे थे जिन्होंने पहली बार वोट डाल कर नई सरकार के चुनाव में अपना योगदान दिया। तकरीबन हर जगह युवाओं  पर उत्साह दिखा। क्रांति के लिए बंदूक की बात  को नकारते हुए इन लोगों ने लोकतान्त्रिक प्रक्रिया को पहल दी। अम्न को पहल दी। शांति को पहल दी। गुंडागर्दी और बाहुबल के प्रयोग को भी नकारा। पंजाब के युवाओं ने शांति प्रक्रिया के रस्ते को चुना है। 
लुधियाना के युवाओं में भी इस बार मतदान का जोश और उत्साह बहुत बड़े पैमाने पर देखने को मिला। पहली बार वोट डालने के लिए सम्मान निशानी के तौर पर मिला सर्टिफिकेट एक उपलब्धि की तरह था। इस  
प्रमाणपत्र को पा कर इनकी आंखों में एक नई सी चमक देखने को मिली। आज के वोटर ही भविष्य के विधायक और सांसद बन क्र सरका को भी चलाएंगे। युवाओं का इस जोशोखरोश के साथ आगे आना साबित करता है कि अब वृद्ध हो चुके नेताओं का ज़माना लद रहा है। 
उन्हें अपने घरों में बैठ कर इन बच्चों का मार्गदर्शन करना चाहिए, सत्ता लोलुपता अब इन बज़ुर्गों को छोड़ देनी चाहिए। यवाओं के लिए स्वयं ही रास्ता खाली कर देना चाहिए। जिन छात्रों से हमारी बात हुई वे बहुत ही मेघावी हैं और गिरगिट की तरह रंग बदलते ज़माने की नब्ज़ अच्छी तरह से पहचानते हैं। यह लोग लाठी से नहीं बुद्धि से काम लेने वाले लोग हैं। निकट भविष्य में कचरे की तरह बन चुके तथाकथि नेताओं को ये लोग अपनी वोट की शक्ति से समाप्त कर देंगें। 
हरमनप्रीत कौर, सुखप्रीत सिंह,कर्ण सिंह, उमा, डिम्पल, चाहत गरचा, गगनप्रीत कौर और अन्य युवाओं ने बहुत सी अच्छी बातें की हैं जिन्हें हम जल्द ही किसी अलग पोस्ट में  आपके सामने रखेंगें।